Women’s T20 World Cup 2026: लॉर्ड्स में ऑस्ट्रेलिया ने रचा इतिहास, इंग्लैंड को हराकर 7वीं बार बनी चैंपियन

क्रिकेट की दुनिया के सबसे ऐतिहासिक मैदान लॉर्ड्स में रविवार, 5 जुलाई 2026 को खेले गए ICC Women’s T20 World Cup 2026 के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया ने मेजबान इंग्लैंड को 7 विकेट से हराकर एक बार फिर अपनी बादशाहत साबित कर दी। इस जीत के साथ ऑस्ट्रेलिया ने अपना सातवां टी20 वर्ल्ड कप खिताब अपने नाम कर लिया, जो महिला क्रिकेट के इतिहास में उनका कुल 14वां वर्ल्ड कप खिताब है।

कैसा रहा मैच

टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला लेने वाली ऑस्ट्रेलिया के सामने इंग्लैंड ने नेट साइवर-ब्रंट के लगातार दूसरे अर्धशतक की बदौलत 20 ओवर में 150/4 का स्कोर खड़ा किया। साइवर-ब्रंट, जो टूर्नामेंट के तीन शुरुआती मैच चोट के चलते नहीं खेल पाई थीं, नॉकआउट मुकाबलों में शानदार फॉर्म में लौटीं और लगातार दूसरा अर्धशतक जड़ा। उनके करियर में अब टी20 वर्ल्ड कप में कुल नौ अर्धशतक हो चुके हैं, जो बेथ मूनी और सूजी बेट्स जैसी दिग्गज खिलाड़ियों से भी ज्यादा है।

जवाब में उतरी ऑस्ट्रेलिया की टीम ने शुरू से ही आक्रामक अंदाज दिखाया। पावरप्ले में ही टीम ने 62/1 का स्कोर बना लिया था। अनुभवी विकेटकीपर-बल्लेबाज बेथ मूनी ने एक बार फिर बड़े मौके पर अपनी कक्षा दिखाते हुए 49 गेंदों में 64 रनों की मैच जिताऊ पारी खेली। यह वर्ल्ड कप फाइनल में उनका लगातार तीसरा अर्धशतक है — इससे पहले वे 2020 और 2023 के फाइनल में भी अर्धशतक जड़ चुकी हैं। उनके अलावा फोबी लिचफील्ड ने भी नाबाद पारी खेलकर टीम को जीत के करीब पहुंचाया।

ऑस्ट्रेलिया ने लक्ष्य को 18वें ओवर में ही हासिल कर लिया, जो महिला टी20 वर्ल्ड कप फाइनल इतिहास में अब तक का सबसे बड़ा सफल रन-चेज़ बन गया।

इंग्लैंड के लिए दिल तोड़ने वाली हार

यह हार इंग्लैंड के लिए खासतौर पर तकलीफदेह रही, क्योंकि यही वह लॉर्ड्स का मैदान है जहां 2009 में शार्लट एडवर्ड्स की कप्तानी में इंग्लैंड ने अपना इकलौता टी20 वर्ल्ड कप खिताब जीता था। दिलचस्प बात यह है कि शार्लट एडवर्ड्स अब इंग्लैंड की हेड कोच हैं, जबकि ऑस्ट्रेलिया की कोच शेली निट्शके उसी 2009 की हारी हुई ऑस्ट्रेलियाई टीम का हिस्सा थीं। इंग्लैंड अपने घरेलू मैदान पर अब तक कोई भी टी20 वर्ल्ड कप मैच नहीं हारी थी, लेकिन फाइनल में यह रिकॉर्ड भी टूट गया।

लॉर्ड्स में मौजूद करीब 28,000 से ज्यादा दर्शकों की भीड़ ने इस मैच को एक रिकॉर्ड बना दिया, लेकिन मेजबान टीम के फैंस को निराशा ही हाथ लगी।

कप्तानों की प्रतिक्रिया

दोनों ही टीमों के कप्तान — इंग्लैंड की नेट साइवर-ब्रंट और ऑस्ट्रेलिया की सोफी मोलिन्यू — इस टूर्नामेंट में पहली बार बतौर कप्तान वर्ल्ड कप खेल रही थीं। मैच से पहले साइवर-ब्रंट ने कहा था कि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ यह एक बड़ी चुनौती होगी, क्योंकि पिछले कुछ हफ्तों में ऑस्ट्रेलियाई टीम शानदार फॉर्म में रही है। दूसरी तरफ मोलिन्यू ने अपनी टीम से शांत रहकर सही फैसले लेने की अपील की थी, जिसका असर मैदान पर साफ दिखा।

ऑस्ट्रेलिया की दबदबे भरी वापसी

गौरतलब है कि ऑस्ट्रेलिया पिछले दो बड़े ICC टूर्नामेंट — 2024 टी20 वर्ल्ड कप और 2025 वनडे वर्ल्ड कप — के फाइनल तक भी नहीं पहुंच पाई थी। इस हार के बाद टीम ने जबरदस्त वापसी करते हुए इस बार टूर्नामेंट के दौरान एक भी मैच नहीं गंवाया और खिताब पर कब्जा जमाया। ऑलराउंडर एशले गार्डनर ने भी इस टूर्नामेंट में अपने टी20 वर्ल्ड कप करियर के 500 रन पूरे करने के करीब पहुंचकर एक और उपलब्धि हासिल की।

निष्कर्ष

Women’s T20 World Cup 2026 का यह फाइनल क्रिकेट की सबसे पुरानी प्रतिद्वंद्विता — इंग्लैंड बनाम ऑस्ट्रेलिया — का एक और यादगार अध्याय साबित हुआ। बेथ मूनी की क्लास और ऑस्ट्रेलिया की सामूहिक ताकत ने एक बार फिर विश्व क्रिकेट में उनकी बादशाहत को कायम रखा, वहीं इंग्लैंड को अपने ही घर में एक कड़वी हार के साथ अगले टूर्नामेंट का इंतजार करना होगा।

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